Crime & Safety
निजी अस्पताल की घोर लापरवाही: गलत इलाज से नवजात की मौत, प्रसूता की दोनों किडनियां खराब; परिजनों ने काटा भारी हंगामा
30 August 2026
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By HelloMandsaur Auto-Editor
मंदसौर के शहर कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत संचालित एक निजी अस्पताल पर इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने के संगीन आरोप लगे हैं। पीड़ित परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों की घोर लापरवाही और गलत इलाज के कारण न केवल उनके नवजात शिशु की असमय मौत हो गई, बल्कि प्रसूता की दोनों किडनियां भी पूरी तरह डैमेज हो गईं। इस हृदयविदारक हादसे के बाद आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल परिसर में एकत्रित होकर जमकर हंगामा काटा और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
पीड़ित परिवार के सदस्यों ने बताया कि प्रसूता को प्रसव पीड़ा होने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां मौजूद स्टाफ और डॉक्टरों ने बिना उचित जांच किए गलत दवाइयां और इंजेक्शन दे दिए। इसके कुछ ही समय बाद नवजात की सांसें थम गईं और प्रसूता की हालत बिगड़ती चली गई। गंभीर हालत में महिला को जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि गलत दवाओं के रिएक्शन के चलते उसकी दोनों किडनियां खराब हो चुकी हैं। इस खुलासे के बाद परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कोतवाली थाना पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने आक्रोशित परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़ित पक्ष से लिखित शिकायत प्राप्त हुई है, जिसके आधार पर स्वास्थ्य विभाग की एक विशेष टीम गठित कर पूरे मामले की तफ्तीश की जा रही है। जांच रिपोर्ट के आते ही दोषी डॉक्टरों और अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
पीड़ित परिवार के सदस्यों ने बताया कि प्रसूता को प्रसव पीड़ा होने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां मौजूद स्टाफ और डॉक्टरों ने बिना उचित जांच किए गलत दवाइयां और इंजेक्शन दे दिए। इसके कुछ ही समय बाद नवजात की सांसें थम गईं और प्रसूता की हालत बिगड़ती चली गई। गंभीर हालत में महिला को जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि गलत दवाओं के रिएक्शन के चलते उसकी दोनों किडनियां खराब हो चुकी हैं। इस खुलासे के बाद परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कोतवाली थाना पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने आक्रोशित परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़ित पक्ष से लिखित शिकायत प्राप्त हुई है, जिसके आधार पर स्वास्थ्य विभाग की एक विशेष टीम गठित कर पूरे मामले की तफ्तीश की जा रही है। जांच रिपोर्ट के आते ही दोषी डॉक्टरों और अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।