General
मंदसौर: भोर होते ही गूंजे हर-हर महादेव के जयकारे, पशुपतिनाथ मंदिर के पट खुले; गर्भगृह में प्रवेश बंद, 'लोक' देखने उमड़ी भीड़
30 August 2026
•
By HelloMandsaur Auto-Editor
मंदसौर के पावन शिवना तट पर स्थित विश्व प्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर में आज सुबह ठीक 5 बजे शंखनाद और महाआरती के साथ मंदिर के पट खोल दिए गए। भोर की पहली किरण के साथ ही बाबा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गईं। मंदिर प्रबंध समिति ने भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा को देखते हुए फिलहाल गर्भगृह में श्रद्धालुओं के सीधे प्रवेश पर पूरी तरह से रोक लगा रखी है। श्रद्धालु बाहर बैरिकेड्स से ही बाबा के दिव्य स्वरूप के दर्शन कर निहाल हो रहे हैं।
इस बीच, मंदिर परिसर में तीव्र गति से आकार ले रहे भव्य 'पशुपतिनाथ लोक' को देखने के लिए भी स्थानीय नागरिकों और दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं में भारी उत्सुकता देखी जा रही है। उज्जैन के महाकाल लोक की तर्ज पर बन रहे इस भव्य कॉरिडोर का काम अंतिम चरणों में है। निर्माण कार्य के चलते प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और श्रद्धालुओं को केवल तय सीमा से ही निर्माणाधीन परिसर का अवलोकन करने की अनुमति दी जा रही है।
मंदिर प्रबंध समिति और स्थानीय पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाल रहे अधिकारियों का कहना है कि आगामी त्योहारों और श्रद्धालुओं की भारी आवक को देखते हुए गर्भगृह में प्रवेश को प्रतिबंधित किया गया है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में कोई चूक न हो। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल और छांव की मुकम्मल व्यवस्था की गई है, साथ ही पुलिस बल चप्पे-चप्पे पर नजर बनाए हुए है।
इस बीच, मंदिर परिसर में तीव्र गति से आकार ले रहे भव्य 'पशुपतिनाथ लोक' को देखने के लिए भी स्थानीय नागरिकों और दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं में भारी उत्सुकता देखी जा रही है। उज्जैन के महाकाल लोक की तर्ज पर बन रहे इस भव्य कॉरिडोर का काम अंतिम चरणों में है। निर्माण कार्य के चलते प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और श्रद्धालुओं को केवल तय सीमा से ही निर्माणाधीन परिसर का अवलोकन करने की अनुमति दी जा रही है।
मंदिर प्रबंध समिति और स्थानीय पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाल रहे अधिकारियों का कहना है कि आगामी त्योहारों और श्रद्धालुओं की भारी आवक को देखते हुए गर्भगृह में प्रवेश को प्रतिबंधित किया गया है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में कोई चूक न हो। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल और छांव की मुकम्मल व्यवस्था की गई है, साथ ही पुलिस बल चप्पे-चप्पे पर नजर बनाए हुए है।