Weather & Nature
शिवना किनारे रिहायशी बस्ती में घुसा 4 फीट का मगरमच्छ, ग्रामीणों ने रस्सी से बांधकर सुरक्षित रेस्क्यू किया
02 September 2026
•
By HelloMandsaur Auto-Editor
मंदसौर के शिवना नदी से सटे रिहायशी इलाके में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब पानी के रास्ते एक 4 फीट लंबा मगरमच्छ अचानक आबादी वाले क्षेत्र में घुस आया। मगरमच्छ को देखते ही पूरे इलाके में दहशत फैल गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। स्थानीय निवासियों ने तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को देने का प्रयास किया, लेकिन वन्यजीव के बेहद करीब आ जाने के कारण ग्रामीणों को खुद ही मोर्चा संभालना पड़ा।
स्थानीय जांबाज युवकों ने अपनी सूझबूझ और अदम्य साहस का परिचय देते हुए भारी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को रस्सी की मदद से सुरक्षित तरीके से बांधकर काबू में किया। इसके बाद बिना किसी नुकसान के मगरमच्छ को वापस शिवना नदी के गहरे पानी में छोड़ दिया गया। इस साहसिक रेस्क्यू अभियान के दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई थी, जिसे नियंत्रित करने के लिए स्थानीय लोग मुस्तैद रहे।
देर से ही सही, सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची और ग्रामीणों द्वारा किए गए इस सुरक्षित रेस्क्यू की सराहना की। हालांकि, वन मंडल अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वन्यजीवों के आबादी क्षेत्र में घुसने पर स्वयं उन्हें पकड़ने के बजाय तुरंत विभाग को सूचित करें, ताकि किसी भी अप्रिय हादसे से बचा जा सके। बारिश के इस मौसम में नदी किनारे बसे इलाकों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।
स्थानीय जांबाज युवकों ने अपनी सूझबूझ और अदम्य साहस का परिचय देते हुए भारी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को रस्सी की मदद से सुरक्षित तरीके से बांधकर काबू में किया। इसके बाद बिना किसी नुकसान के मगरमच्छ को वापस शिवना नदी के गहरे पानी में छोड़ दिया गया। इस साहसिक रेस्क्यू अभियान के दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई थी, जिसे नियंत्रित करने के लिए स्थानीय लोग मुस्तैद रहे।
देर से ही सही, सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची और ग्रामीणों द्वारा किए गए इस सुरक्षित रेस्क्यू की सराहना की। हालांकि, वन मंडल अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वन्यजीवों के आबादी क्षेत्र में घुसने पर स्वयं उन्हें पकड़ने के बजाय तुरंत विभाग को सूचित करें, ताकि किसी भी अप्रिय हादसे से बचा जा सके। बारिश के इस मौसम में नदी किनारे बसे इलाकों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।