Crime & Safety
हल्द्वानी हिंसा को लेकर मंदसौर में फूटा आक्रोश: राष्ट्रपति के नाम एएसपी को सौंपा ज्ञापन, उपद्रवियों पर सख्त कार्रवाई की मांग
02 September 2026
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By HelloMandsaur Auto-Editor
मंदसौर जिला मुख्यालय पर आज हल्द्वानी घटना के विरोध में जबरदस्त हलचल देखी गई। स्थानीय प्रबुद्ध जनों और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचकर देश के महामहिम राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) को सौंपा। ज्ञापन सौंपने आए प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड के हल्द्वानी में भड़की हिंसा, पुलिस बल पर हुए पथराव और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाली घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया।
सौंपे गए ज्ञापन में मांग की गई है कि हल्द्वानी मामले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए। जो भी असामाजिक तत्व इस दंगे की साजिश रचने और कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने के पीछे हैं, उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि देश के अमन-चैन और सौहार्द को बिगाड़ने की किसी भी कोशिश को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। इस दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने ज्ञापन स्वीकार करते हुए प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनकी इस मांग और पत्र को उचित माध्यम से तत्काल महामहिम राष्ट्रपति कार्यालय तक भिजवा दिया जाएगा। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारी संख्या में लोग मौजूद रहे, जिन्होंने बेहद शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से अपनी बात रखी और शहर में शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील की।
सौंपे गए ज्ञापन में मांग की गई है कि हल्द्वानी मामले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए। जो भी असामाजिक तत्व इस दंगे की साजिश रचने और कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने के पीछे हैं, उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि देश के अमन-चैन और सौहार्द को बिगाड़ने की किसी भी कोशिश को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। इस दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने ज्ञापन स्वीकार करते हुए प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनकी इस मांग और पत्र को उचित माध्यम से तत्काल महामहिम राष्ट्रपति कार्यालय तक भिजवा दिया जाएगा। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारी संख्या में लोग मौजूद रहे, जिन्होंने बेहद शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से अपनी बात रखी और शहर में शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील की।